दिल्ली सरकार ने सर गंगाराम अस्पताल पर एफआईआर क्यों करा दी?

दिल्ली सरकार ने सर गंगाराम अस्पताल पर एफआईआर दर्ज कराई है. 6 जून को अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेट के खिलाफ एफआईआर की गई है. अस्पताल पर महामारी रोग अधिनियम के नियमों को तोड़ने का आरोप है. स्वास्थ्य विभाग के डिप्टी सचिव अमित कुमार पमसी की शिकायत के आधार पर एफआईआर कराई गई है. शिकायत के अनुसार, अस्पताल पर आरोप है कि वह कोरोना सैंपल के लिए RT PCR ऐप का इस्तेमाल नहीं कर रहा. ऐसा करना अनिवार्य है.




दरअसल पूरा मामला क्या है?

दरअसल, दिल्ली सरकार ने पिछले दिनों छह लैबों को टेस्टिंग के नियम न मानने पर कारण बताओ नोटिस दिया था. इसमें सर गंगाराम अस्पताल की लैब भी शामिल था. साथ ही इस अस्पताल को कोविड अस्पताल में भी बदला गया है. इसके तहत उसे 80 प्रतिशत बेड कोरोना मरीजों के लिए रिजर्व रखने हैं. गंगाराम अस्पताल में कुल 675 बेड हैं. बता दें कि सर गंगाराम अस्पताल प्राइवेट है.




इसके बाद 3 जून को दिल्ली स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल को एक और आदेश भेजा. कहा कि अस्पताल RT PCR ऐप का इस्तेमाल नहीं कर रहा है. इसलिए वह तुरंत प्रभाव से कोरोना टेस्ट के लिए RT PCR टेस्ट रोक दे. साथ ही उससे दो दिन में भी जबाव भी मांगा गया था.

वहीं दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन ने सर गंगा राम अस्पताल के खिलाफ एफआईआर की निंदा की है. एसोसिएशन ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कोविड टेस्टिंग और कोरोना के मरीजों को भर्ती करने को लेकर अस्पतालों को धमकी दी है. यह निंदनीय है.


राजधानी दिल्ली कोरोना वायरस से बुरी तरह पस्त दिख रही है। इस बीच स्थिति और बिगड़ सकती है क्योंकि अब दिल्ली सरकार और मेडिकल स्टाफ आपने सामने आ गया है। दिल्ली सरकार की सख्ती के खिलाफ अब दिल्ली मेडिकल असोसिएशन ने आवाज उठाई है और उनके अलग-अलग कदमों का विरोध किया है। DMA का कहना है कि जिस तरह अरविंद केजरीवाल डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ को धमका रहे हैं वह बर्दाशत नहीं किया जाएगा। सर गंगा राम हॉस्पिटल पर दर्ज FIR का भी विरोध किया गया है।
दिल्ली मेडिकल असोसिएशन ने अपना विरोध जताते हुए कहा, 'हम दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल द्वारा डॉक्टर्स को दी जा रही चेतावनी और हॉस्पिटलों को दी जा रही धमकी का विरोध करते हैं। सर गंगा राम हॉस्पिटल के खिलाफ दर्ज FIR का भी विरोध किया जाता है। यह पूरे मेडिकल स्टाफ को हतोत्साहित करने जैसा है।'



गंगा राम अस्पताल पर क्यों हुई FIR
दिल्ली सरकार ने सर गंगा राम अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट के खिलाफ महामारी एक्ट के तहत जारी गाइडलाइंस का उल्लंघन करने का मुकदमा दर्ज कराया है। सेंट्रल जिले के राजेंद्र नगर थाने में आईपीसी की धारा 188 (सरकारी कर्मचारी के निर्देशों की अवमानना करने) में यह एफआईआर शुक्रवार शाम को दर्ज की गई। अस्पताल पर आरोप है कि उसने कोविड-19 के सैंपल लेते समय आरटी पीसीआर ऐप का इस्तेमाल नहीं किया, जबकि सरकार की तरफ से यह जरूरी बताया गया था।



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